icon Skip to content

महिलाओं में बालों का झड़ना: कारण, लक्षण और इलाज के तरीके

Dr Kalyani Deshmukh

Dr Kalyani Deshmukh
Dr. Kalyani Deshmukh brings 7 years of experience in dermatology, specializing in the diagnosis of complex conditions and performing advanced dermatosurgical procedures. Her areas of expertise include clinical dermatology, trichology, dermatosurgery and aesthetic medicine.

महिलाओं में बालों का झड़ना

Quick Answer

महिलाओं में बाल झड़ने के इलाज की शुरुआत इसके मूल कारण को समझने से होती है, जो हार्मोनल बदलाव, पोषण की कमी, तनाव, जेनेटिक्स या हेयर स्टाइलिंग से जुड़ा हो सकता है। इसके संकेतों में चौड़ी होती मांग, पतली पोनीटेल, स्कैल्प का अधिक दिखना और सामान्य से ज्यादा बाल झड़ना शामिल हैं। कारण के अनुसार मिनॉक्सिडिल, डॉक्टर द्वारा सुझाई गई दवाएं, मेडिकेटेड शैंपू, PRP, रेड लाइट थेरेपी, माइक्रोनीडलिंग और पोषण संबंधी सुधार जैसे विकल्पों पर विचार किया जा सकता है। सही कारण जानने के लिए स्कैल्प जांच, हेल्थ हिस्ट्री और जरूरत के अनुसार ब्लड टेस्ट मददगार हो सकते हैं। लगातार, अचानक या बहुत ज्यादा बाल झड़ने पर उचित जांच और विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है।


महिलाओं में बाल झड़ने का इलाज बाल झड़ने के असली कारण का पता लगाने से शुरू होता है, जैसे हार्मोन, पोषण की कमी या तनाव। इसके इलाज के विकल्पों में मिनोक्सिडिल (Minoxidil), डॉक्टर की सलाह से मिलने वाली दवाएं, रेड लाइट थेरेपी, प्लेटलेट रिच प्लाज्मा (PRP), नुट्रिशन सपोर्ट और लाइफस्टाइल में बदलाव शामिल हैं, जो बाल झड़ने के असली कारण को टारगेट करते हैं। बालों की हल्की देखभाल, इसे नियमित रूप से करते रहना और बालों की समस्या से जुड़ी अंदरूनी स्वास्थ्य समस्याओं को मैनेज करना लंबे समय तक सुधार बनाए रखने में मदद कर सकता है।

महिलाओं में बाल झड़ना काफी अव्यवस्थित लग सकता है क्योंकि इसके संकेत, जैसे चोटी (ponytail) का पतला होना, ग्रोथ धीमी होना या तेजी से बाल झड़ना, अक्सर धीरे-धीरे दिखाई देते हैं। ये बदलाव आमतौर पर शरीर के अंदर के कारणों से होते हैं, जैसे आयरन की कमी, थाइरोइड में असंतुलन, PCOS, तनाव और बच्चे के जन्म के बाद होने वाले हार्मोनल बदलाव, या बाहरी कारणों से, जैसे टाइट हेयरस्टाइल, हीट स्टाइलिंग और स्कैल्प की खराब हेल्थ ।

क्योंकि आपके बालों की जड़ें सही और जरूरत के अनुसार की गई देखभाल से बेहतर तरीके से प्रतिक्रिया देती हैं, इसलिए  महिलाओं के लिए बाल झड़ने का सबसे अच्छा इलाज चुनते समय अनुमान नहीं लगाना चाहिए। आपको बाल झड़ने के सही कारण, लक्षण और जांच के चरण के बारे में पता होना चाहिए, ताकि आप अपने खास मूल कारण के आधार पर सही ट्रीटमेंट चुन सकें। 

महिलाओं में बालों के झड़ने को समझना

महिलाओं में हेयर फॉल का मतलब है कि स्कैल्प से जितने बाल झड़ रहे हैं, उतनी ही तेजी से नए बाल नहीं बन पा रहे हैं। रोजाना कुछ बालों का झड़ना सामान्य है, क्योंकि हर बाल अपने अलग ग्रोथ साइकल से गुजरता है। इस साइकल में ग्रोथ, ट्रांजिशन, रेस्ट और बालों के झड़ने के फेज शामिल होते हैं।

अपने स्कैल्प को एक बगीचे की तरह समझें। कुछ पौधे तेजी से बढ़ रहे होते हैं, कुछ आराम की स्थिति में होते हैं और कुछ सूखे पत्ते अपने आप गिरते रहते हैं।

चिंता तब शुरू होती है, जब एक साथ बहुत ज्यादा बाल झड़ने लगें या नए बाल पहले की तुलना में ज्यादा पतले होकर उगने लगें।

बाल झड़ना या पतला होना - क्या ये एक ही हैं?

बालों का झड़ना या पतला (hair thinning) होना एक-दूसरे से जुड़े हैं लेकिन एक नहीं हैं। कई महिलाओं को अलग-अलग समय पर दोनों समस्याएं हो सकती हैं, इसलिए इलाज चुनने से पहले इनके बीच का अंतर समझना जरूरी है।

एक समस्या इस बारे में है कि कितने बाल झड़ रहे हैं, जबकि दूसरी इस बारे में है कि कितने बाल बचे हुए हैं।


हेयर फॉल 

थिनिंग 

इसका मतलब क्या है

सामान्य से ज़्यादा बाल झड़ना

समय के साथ बालों का घनत्व (डेंसिटी) कम होना

यह कैसे दिखता है

तकिए, कंघी या नाली (ड्रेन) में अतिरिक्त बाल

चौड़ी मांग, पतली पोनीटेल, स्कैल्प का ज़्यादा दिखना

यह कब नज़र आता है

आमतौर पर अचानक या किसी ट्रिगर के बाद

धीरे-धीरे, अक्सर शुरुआत में नज़रअंदाज़ हो जाता है

यह किस ओर इशारा करता है

हेयर साइकिल में एक गड़बड़ी (disruption)

बालों का पतला होकर वापस उगना या बिल्कुल न उगना

किस बात पर ध्यान देने की ज़रूरत है

ट्रिगर की पहचान करना और उसे ठीक करना

फॉलिकल हेल्थ और आंतरिक कारकों का आकलन करना


कितना बाल झड़ना 'सामान्य' है?

रोजाना 50 से 100 बाल झड़ना सामान्य माना जाता है।

हालांकि, बाल धोने वाले दिन आपको ज्यादा हेयर फॉल दिख सकता है, क्योंकि जो बाल पहले ही जड़ों से अलग हो चुके होते हैं, वे शैंपू करते समय एक साथ निकलते हैं।

यह दिन के अंत में एक बार फर्श साफ करने और पूरे दिन थोड़ा-थोड़ा साफ करते रहने जैसा है। बालों की कुल संख्या उतनी ही रहती है, लेकिन एक साथ निकलने पर ज्यादा लगती है। इसलिए एक दिन या एक बार बाल धोने के बजाय, कई हफ्तों और महीनों में हेयर फॉल के पैटर्न पर ध्यान देना ज्यादा जरूरी है।

महिलाओं में बाल पतले होने के आम लक्षण

बालों का पतलापन धीरे-धीरे बढ़ता है, इसलिए कई महिलाएं इसके शुरुआती संकेतों को नजरअंदाज कर देती हैं। इन संकेतों को पहचानने से समस्या बढ़ने से पहले कदम उठाना आसान हो जाता है।

बालों का पतलापन दूसरों को दिखाई देने से पहले आपको इनमें से बदलाव नजर आ सकते हैं:

  • पहले की तुलना में बालों की मांग ज्यादा चौड़ी दिखना

  • पोनीटेल बांधने पर उसका पहले से पतला या हल्का महसूस होना

  • तेज रोशनी या सीधी धूप में स्कैल्प ज्यादा दिखाई देना

  • ब्रश करते या बाल धोते समय सामान्य से ज्यादा बाल निकलना

  • बालों की मात्रा लगभग समान दिखने के बावजूद उनका पतला या कमजोर महसूस होना

महिलाओं में बाल झड़ने के आम कारण

महिलाओं में हेयर फॉल हार्मोन्स, जेनेटिक्स, पोषण की कमी, तनाव, बीमारी, स्कैल्प की समस्या या हेयर स्टाइलिंग से होने वाले नुकसान के कारण हो सकता है।

इसलिए कोई ट्रीटमेंट चुनने से पहले यह समझना जरूरी है कि अंदर से आपके हेयर फॉलिकल्स को कौन-सी चीज प्रभावित कर रही हो सकती है:

  • महिलाओं में बालों का पैटर्न के अनुसार पतला होना

महिलाओं में बालों का पैटर्न के अनुसार पतला होना आनुवंशिक कारणों और शरीर में होने वाले प्राकृतिक हार्मोनल असंतुलन के कारण हो सकता है। हालांकि, अगर आपको बाल पतले होते दिखाई दे रहे हैं, तो अपने बालों को बचाने के लिए जल्दी कदम उठाना फायदेमंद हो सकता है:

  • बालों की घनत्व को बनाए रखें: समय पर कदम उठाने से बालों की जड़ों के धीरे-धीरे कमजोर होने और बहुत ज्यादा सिकुड़ने से पहले उन्हें बचाने में मदद मिल सकती है।

तनाव से होने वाला बालों का झड़ना

जब आपका शरीर बीमारी या सर्जरी जैसी तनाव वाली स्थिति से गुजरता है, तो वह ऊर्जा बचाने के लिए बालों की बढ़त पर कम ध्यान देता है और शरीर के जरूरी कामों पर ज्यादा ध्यान देता है।

इस बदलाव के कारण सामान्य से ज्यादा बाल आराम की अवस्था में चले जाते हैं और कुछ महीनों बाद आपको ये अस्थायी संकेत दिखाई दे सकते हैं:

  • देरी से बाल झड़ना: ज्यादा बाल आमतौर पर तनाव वाली घटना के दो से तीन महीने बाद झड़ना शुरू होते हैं।

सलाह: ज्यादा तनाव लेने की कोशिश न करें। इस तरह का बाल झड़ना आमतौर पर कुछ समय बाद अपने आप रुक जाता है और बालों की स्थिति बेहतर हो सकती है।

PCOS (PMOS) और हार्मोनल असंतुलन

PMOS (जिसे पहले PCOS के नाम से जाना जाता था) जैसी स्थितियों से जुड़े हार्मोनल बदलाव समय के साथ बालों की जड़ों से निकलने वाले बालों को धीरे-धीरे कमजोर और पतला कर सकते हैं।

क्योंकि यह हेयर फॉल हार्मोनल बदलावों से जुड़ा होता है, इसलिए इसके साथ कुछ अन्य लक्षण भी दिखाई दे सकते हैं:

  • शरीर में बदलाव: मुंहासे, पीरियड्स का अनियमित होना, चेहरे पर ज्यादा बाल आना या अचानक वजन बढ़ना जैसे बदलाव दिखाई दे सकते हैं।

सलाह: बालों की समस्या को बेहतर करने के लिए केवल हेयर फॉल को रोकने पर ध्यान देने के बजाय, इसके पीछे होने वाले हार्मोनल बदलावों को समझना और मैनेज करना जरूरी है।

थायरॉइड में असंतुलन

थायरॉइड यह नियंत्रित करता है कि आपका शरीर ऊर्जा का इस्तेमाल कैसे करता है और बाल शरीर में होने वाले इन बदलावों के प्रति काफी संवेदनशील होते हैं।

जब थायरॉइड बहुत धीमा या बहुत तेज काम करता है, तो यह बालों के प्राकृतिक बढ़ने के चक्र को प्रभावित कर सकता है:

  • बालों में बदलाव: आपके बाल ज्यादा झड़ सकते हैं, पतले दिखाई दे सकते हैं या कमजोर और खराब गुणवत्ता वाले महसूस हो सकते हैं।

सलाह: एक सामान्य रक्त जांच से थायरॉइड के स्तर की जांच की जा सकती है। इस तरह के बालों के पतले होने में शरीर के अंदर हार्मोन का संतुलन ठीक करना जरूरी होता है।

पोषक तत्वों की कमी

बालों की जड़ों को स्वस्थ रहने और मजबूत बाल उगाने के लिए विटामिन, खनिज और प्रोटीन की लगातार जरूरत होती है।

जब शरीर में इन जरूरी पोषक तत्वों की कमी हो जाती है, तो इसका सीधा असर बालों पर पड़ सकता है:

  • कमजोर बाल: बाल आसानी से झड़ सकते हैं, नए बाल पहले की तुलना में ज्यादा पतले उग सकते हैं या बालों की सामान्य मजबूती कम हो सकती है।

सलाह: यह पता लगाने के लिए रक्त जांच की जरूरत पड़ सकती है कि शरीर में आयरन और फेरिटिन (ferritin) का स्तर कम तो नहीं है। इनकी कमी को पूरा करने से बाल झड़ने की समस्या को कम करने में मदद मिल सकती है।

मेनोपॉज और पोस्टपार्टम बच्चे के जन्म के बाद होने वाले बदलाव

मेनोपॉज या बच्चे के जन्म के बाद होने वाले हार्मोनल बदलाव आपके बालों के बढ़ने और झड़ने के तरीके को काफी बदल सकते हैं। क्योंकि ये बदलाव शरीर के अंदर होते हैं, इसलिए सिर्फ हेयर प्रोडक्ट्स बदलने के बजाय समस्या के मूल कारण पर ध्यान देना ज्यादा जरूरी है:

  • मेनोपॉज के दौरान: हार्मोन्स में कमी से बालों को मिलने वाला प्राकृतिक सपोर्ट कम हो सकता है, जिससे सिर के ऊपर और बालों की मांग के आसपास पतलापन बढ़ सकता है।

  • प्रेग्नेंसी के बाद: बच्चे के जन्म के बाद हार्मोन्स में अचानक बदलाव के कारण एक साथ काफी बाल झड़ सकते हैं। इससे प्रेग्नेंसी के दौरान बालों में आई अतिरिक्त घनापन कम हो सकता है।

सलाह: केवल ऊपर से लगाए जाने वाले हेयर प्रोडक्ट्स पर निर्भर रहने के बजाय, शरीर के अंदर से हार्मोनल बदलावों को समझने और मैनेज करने पर ध्यान दें।

महिलाओं में बालों के झड़ने का जड़ से इलाज

बाल झड़ने का इलाज तब सबसे बेहतर काम करता है जब इसमें बाल झड़ने के असली कारण का इलाज किया जाए। जो इलाज एक महिला के लिए फायदेमंद हो सकता है, जरूरी नहीं कि वह दूसरी महिला के लिए भी काम करे। इसका मतलब यह नहीं है कि वह इलाज काम नहीं करता।

यह समझने का एक आसान तरीका है कि बाल झड़ने के हर असली कारण के लिए कौन-सा इलाज सही हो सकता है:

मूल कारण 

सामान्य लक्षण 

ट्रीटमेंट की दिशा 

पैटर्न थिनिंग

चौड़ी मांग (पार्टिंग), धीरे-धीरे बालों का पतला होना

मिनॉक्सिडिल, रेड लाइट थेरेपी, PRP, प्रिस्क्रिप्शन सपोर्ट

स्ट्रेस से जुड़ा हेयर फॉल

तनाव, बीमारी या वज़न में बदलाव के बाद अचानक बाल झड़ना

नींद, प्रोटीन, स्ट्रेस सपोर्ट, रिकवरी टाइम

हार्मोनल हेयर फॉल

PCOS या PMOS, थायरॉइड की समस्या, प्रसवोत्तर (पोस्टपार्टम) बदलाव, एक्ने, अनियमित पीरियड्स

हार्मोनल जांच, लाइफस्टाइल में बदलाव, गाइडेड ट्रीटमेंट

कमी से जुड़ा हेयर फॉल

आयरन, फेरिटिन, विटामिन डी, B12, ज़िंक या प्रोटीन की कमी

ब्लड टेस्ट, न्यूट्रिशन में सुधार, गाइडेड सप्लीमेंट्स

स्टाइलिंग से जुड़ा हेयर फॉल

खिंचे हुए या डैमेज हिस्सों के पास बालों का पतला होना

कम तनाव (टेंशन), जेंटल स्टाइलिंग, स्कैल्प रिकवरी


महिलाओं के लिए बाल झड़ने का उपचार: आपके त्वचा विशेषज्ञ जो विकल्प सुझा सकते हैं

महिलाओं में हेयर फॉल का ट्रीटमेंट मूल कारण के अनुसार अलग हो सकता है। इसमें मिनॉक्सिडिल, डॉक्टर की सलाह से दी जाने वाली दवाएं, मेडिकेटेड शैंपू और स्कैल्प की देखभाल शामिल हो सकती है। डॉक्टर आपकी हेल्थ हिस्ट्री देखकर तय करते हैं कि आपके बालों को किस तरह की देखभाल की जरूरत है।

आम तौर पर डॉक्टर इन विकल्पों पर चर्चा कर सकते हैं:

1. मिनॉक्सिडिल

मिनॉक्सिडिल बालों के ग्रोथ फेज को सपोर्ट कर सकता है और नियमित इस्तेमाल से बालों की डेंसिटी में सुधार हो सकता है। इसके असर को दिखने में कई महीने लग सकते हैं।

2. स्पाइरोनोलैक्टोन (spironolactin)

अगर हेयर फॉल एंड्रोजन एक्टिविटी से जुड़ा है, तो स्पाइरोनोलैक्टोन मदद कर सकता है। इसे केवल डॉक्टर की सलाह से ही लेना चाहिए।

3. फिनास्टराइड (finasteride) और अन्य प्रिस्क्रिप्शन विकल्प

कुछ महिलाओं को फिनास्टराइड डॉक्टर की कड़ी निगरानी में दिया जा सकता है। प्रेग्नेंसी के दौरान या प्रेग्नेंसी की संभावना होने पर इसका इस्तेमाल सही नहीं है।

4. कीटोकोनाजोल शैंपू (ketoconazole shampoo)

अगर डैंड्रफ, ज्यादा ऑयल या स्कैल्प में जलन बालों की सेहत को प्रभावित कर रही है, तो कीटोकोनाजोल शैंपू मदद कर सकता है।

5. कॉर्टिकोस्टेरॉइड (corticosteroid) ट्रीटमेंट

पैची या सूजन से जुड़ी स्कैल्प की समस्याओं में डर्मेटोलॉजिस्ट की देखरेख में कॉर्टिकोस्टेरॉइड ट्रीटमेंट का इस्तेमाल किया जा सकता है।

महिलाओं के लिए बालों के झड़ने का एडवांस्ड इलाज

एडवांस्ड ट्रीटमेंट में कुछ मामलों में पीआरपी, रेड लाइट थेरेपी, माइक्रोनीडलिंग (microneedling) या हेयर ट्रांसप्लांट शामिल हो सकते हैं। इन पर आमतौर पर तब विचार किया जाता है, जब बालों का पतलापन लगातार बना रहे या बालों की डेंसिटी साफ तौर पर कम हो गई हो।

डॉक्टर इन एडवांस्ड ट्रीटमेंट विकल्पों पर विचार कर सकते हैं:

1. प्लेटलेट-रिच प्लाज्मा थेरेपी (PRP)

प्लेटलेट-रिच प्लाज्मा थेरेपी में आपके अपने खून से प्लेटलेट्स को अलग करके उनकी अधिक मात्रा को स्कैल्प में लगाया जाता है। कुछ महिलाओं में, खासकर पैटर्न थिनिंग के मामले में, यह बालों को ज्यादा घना दिखने में मदद कर सकती है।

2. रेड लाइट थेरेपी

रेड लाइट थेरेपी में कम स्तर की लाइट एनर्जी का इस्तेमाल स्कैल्प की कोशिकाओं को सपोर्ट करने के लिए किया जाता है। लेजर कैप, कंघी और हेलमेट जैसे उपकरणों का नियमित इस्तेमाल बालों की डेंसिटी में सुधार करने में मदद कर सकता है।

3. माइक्रोनीडलिंग

माइक्रोनीडलिंग में स्कैल्प पर बहुत छोटे और नियंत्रित चैनल बनाए जाते हैं। यह स्कैल्प के नवीनीकरण को सपोर्ट कर सकती है और कुछ टॉपिकल ट्रीटमेंट को बेहतर तरीके से काम करने में मदद कर सकती है।

4. हेयर ट्रांसप्लांट

अगर हेयर फॉल स्थिर हो गया है और डोनर एरिया में पर्याप्त मजबूत बाल हैं, तो हेयर ट्रांसप्लांट पर विचार किया जा सकता है। जब हेयर फॉल अभी भी एक्टिव हो, तब इसे आमतौर पर पहली पसंद नहीं माना जाता।

महिलाओं के लिए घर पर बालों के झड़ने का इलाज

घर पर की जाने वाली देखभाल किसी ट्रीटमेंट प्लान के साथ सपोर्ट के तौर पर ज्यादा बेहतर काम करती है, न कि उसकी जगह। जब हेयर फॉल के मूल कारण का पता चल जाए, तो ये तरीके अंदर और बाहर से हो रही देखभाल के परिणामों को बनाए रखने में मदद कर सकते हैं:

  • रोजाना अंडे, दाल, पनीर, मछली और दालों जैसे खाद्य पदार्थों से पर्याप्त प्रोटीन लें।

  • पोषण की कमी का पता लगाने और उसे ठीक करने के लिए जरूरी लैब टेस्ट करवाएं।

  • अपने स्कैल्प टाइप के अनुसार सही शैंपू से नियमित रूप से बाल धोएं।

  • बाल धोते समय उंगलियों से स्कैल्प की हल्के हाथों से मसाज करें, ताकि ब्लड सर्कुलेशन को सपोर्ट मिल सके।

  • पर्याप्त और नियमित नींद को प्राथमिकता दें और लंबे समय से चल रहे तनाव को मैनेज करें, क्योंकि दोनों हेयर साइकल को प्रभावित कर सकते हैं।

  • बहुत टाइट पोनीटेल, भारी बन और रोजाना हीट स्टाइलिंग से बचें, क्योंकि इनसे बालों की जड़ों पर खिंचाव पड़ सकता है।

  • हेयर केयर रूटीन को आसान रखें और एक साथ स्कैल्प पर बहुत सारे प्रोडक्ट्स लगाने से बचें।

महिलाओं में बालों के झड़ने का पता कैसे लगाया जाता है?

महिलाओं में बाल झड़ने का पता उनके बाल झड़ने के तरीके, स्कैप्ल की स्थिति, स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी, खान-पान, हार्मोन और बाल झड़ने के संभावित कारणों को समझकर लगाया जाता है।

क्योंकि सिर की त्वचा की स्थिति से हमेशा बाल झड़ने का पूरा कारण पता नहीं चलता, इसलिए जाँच में शरीर के अंदर क्या हो रहा है, इस पर भी ध्यान दिया जाता है।

बाल झड़ने का कारण पता लगाने के लिए आमतौर पर ये जाँच की जाती हैं:

तरीका 

यह क्या जांचता है 

स्कैल्प चेक

थिनिंग पैटर्न, डैंड्रफ (फ्लेक्स), जलन (इरिटेशन), टूटना, या पैची एरिया

हेयर पैटर्न रिव्यू

बाल झड़ना डिफ्यूज़, धीरे-धीरे, पैची, या स्टाइलिंग से जुड़ा है या नहीं

ब्लड टेस्ट

आयरन, फेरिटिन, थायरॉइड, विटामिन डी, B12, और हार्मोन लेवल

हेल्थ हिस्ट्री

पीरियड्स, प्रेगनेंसी, PCOS के लक्षण, तनाव, बीमारी, दवाइयां, डाइट, और पारिवारिक इतिहास

मूल कारण से शुरुआत करें, सही देखभाल से सहयोग दें।

बाल झड़ने की समस्या अक्सर केवल सिर की त्वचा से शुरू नहीं होती। कई महिलाओं में शरीर में आयरन की कमी, पोषक तत्वों की कमी, पाचन की समस्या, तनाव या सिर की त्वचा को सही पोषण न मिलने के कारण बालों पर असर पड़ सकता है। बालों की जड़ें शरीर के अंदर के इसी वातावरण पर प्रतिक्रिया करती हैं।

इसीलिए बालों की देखभाल जरूरत के अनुसार होनी चाहिए, बिना सोचे-समझे नहीं। यहीं पर Traya का रूट-कॉज रूटीन उपयोगी हो सकता है।

अगर बालों की सेहत खराब होने की वजह पोषक तत्वों की कमी है, तो Traya Hair Vitamin with Biotin and Bhringraj हेयर फॉल से जुड़ी पोषण की कमी को पूरा करने में मदद करता है। अगर स्कैल्प ड्राई, थका हुआ या कमजोर महसूस होता है, तो Traya Scalp Oil with Growth Oil Shot में ORPL, वीट जर्म और मोतिया रोषा जैसे इंग्रेडिएंट्स के जरिए आयुर्वेदिक पोषण मिलता है। अगर पाचन धीमा है, तो Gutt Shuddhi गट हेल्थ और पोषक तत्वों के अवशोषण को सपोर्ट करता है। वहीं, आयरन की कमी या एनीमिया से जुड़े हेयर फॉल में Iron Santulan आयरन के अवशोषण और बालों की मजबूती को सपोर्ट करता है।

इस अप्रोच में हर जरूरत के अनुसार देखभाल को लगातार और नियमित रूप से अपनाया जाता है, ताकि बालों की जड़ों को मजबूत आधार मिले और धीरे-धीरे बेहतर परिणाम मिल सकें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. क्या महिलाओं में बालों का पतलापन कम हो सकता है?

अगर बालों की जड़ें अभी एक्टिव हैं और समस्या के कारण का जल्दी पता लगाकर उसे ठीक किया जाए, तो महिलाओं में बालों का पतलापन कम हो सकता है। तनाव या पोषण की कमी से जुड़े हेयर फॉल में कारण को ठीक करने से अक्सर सुधार हो सकता है।

2. क्या महिलाओं के लिए मिनॉक्सिडिल सही है?

मिनॉक्सिडिल का इस्तेमाल महिलाएं भी करती हैं, खासकर पैटर्न हेयर थिनिंग के लिए। कुछ लोगों में इससे स्कैल्प में जलन या चेहरे पर अनचाहे बाल हो सकते हैं, इसलिए डॉक्टर की सलाह लेना बेहतर होता है।

3. क्या घरेलू उपाय हेयर फॉल को पूरी तरह रोक सकते हैं?

घरेलू उपाय स्कैल्प की सेहत को सपोर्ट करने और बालों के टूटने को कम करने में मदद कर सकते हैं, लेकिन हार्मोनल, जेनेटिक, पैची या गंभीर हेयर फॉल को पूरी तरह नियंत्रित नहीं कर सकते।

4. मुझे अपने पास महिलाओं के लिए हेयर फॉल ट्रीटमेंट कब ढूंढना चाहिए?

अगर हेयर फॉल अचानक शुरू हुआ है, पैची है, बहुत ज्यादा है, दर्द के साथ है या कुछ महीनों से लगातार बना हुआ है, तो अपने पास हेयर फॉल ट्रीटमेंट की तलाश करनी चाहिए।

Read More Blogs

नींद की कमी Hair Growth Cycle को कैसे प्रभावित करती है?

नींद की कमी Hair Growth Cycle को कैसे प्रभावित करती है?

Quick Answer हाँ, खराब नींद Hair Growth Cycle को बिगाड़ती है। लंबे समय तक नींद की क...

Weight Loss और Hair Loss: तेजी से वजन कम होने पर Hair Fall क्यों होता है?

Weight Loss और Hair Loss: तेजी से वजन कम होने पर Hair Fall क्यों होता है?

Quick Answer तेज़ी से वज़न घटने के बाद बाल झड़ना एक आम और अस्थायी समस्या है, जिसे ट...

DHT और Hair Loss: Dihydrotestosterone गंजेपन का कारण कैसे बनता है और इसे कैसे नियंत्रित करें?

DHT और Hair Loss: Dihydrotestosterone गंजेपन का कारण कैसे बनता है और इसे कैसे नियंत्रित करें?

Quick Answer DHT, टेस्टोस्टेरोन से बनने वाला एक शक्तिशाली एंड्रोजन है, जो आनुवंशिक ...

बाल झड़ने के प्रकार के आधार पर भारत में सबसे अच्छा मिनॉक्सिडिल कैसे चुनें

बाल झड़ने के प्रकार के आधार पर भारत में सबसे अच्छा मिनॉक्सिडिल कैसे चुनें

Quick Answer भारत में Hair Regrowth के लिए सबसे अच्छा Minoxidil चुनना आपके बालों के झड़...

बाल झड़ना समझें: कारण, लक्षण, चरण और दीर्घकालिक प्रबंधन

बाल झड़ना समझें: कारण, लक्षण, चरण और दीर्घकालिक प्रबंधन

सारांश  बाल झड़ना हमेशा बीमारी का संकेत नहीं होता, क्योंकि हर बाल एक प्राकृतिक ग्रोथ सा...

Popular Posts

Collapsible content

Disclaimers

The claims and results mentioned are based on multiple internal studies and customer research surveys that Traya has conducted with a statistically significant sample size of users who were under expert observation and guidance.

93% saw results*

Traya conducted an internal study over both men and females facing hair fall and 93% saw results* after using the complete Traya customized plan consistently for a period of 5 months. This study was conducted in December 2022.

5-month money-back guarantee

Traya’s 100% money-back policy is valid only if you have been regular with the complete customized plan for a period of 5 whole consecutive months. Each customised hair kit is valid for only 30 days. If any individual has not seen any regrowth or control in hair fall, you can ask for a refund. However, once you apply for the 5-month - money-back policy, the team would then do a thorough check on consumer regularity based on every order date. An exception to this policy is for those customers undergoing serious health conditions like autoimmune diseases and cancer.

Traya’s Holistic 3 Science Formula

Traya’s 3 Science Formula is a synergistic mix of Ayurveda, Allopathy & Food Science designed specifically to cater to hair fall conditions stemming from multiple root causes. With clinically tested ingredients and adaptogenic herbs, Traya’s Science-Backed formula clears internal blockages and boosts hair regeneration naturally. When blended with a healing dietary plan, it delivers great results in attaining long-term hair growth.

Traya Free hair test (™)

Traya’s Hair Dx test is powered by a proprietary algorithm to examine a user's hair & health profile. With the help of a distinctive image-capturing technique & physician- formulated examination, it is able to precisely check the type, stage & root causes of a certain hair fall condition.

2 lakh+ Indians

Traya Free hair test (™) has been taken by more than 2 lakh+ Indians - Data acquired from Traya customers.

Ayush Certified - Digest Boost, Cholest Vati and Consti Clear are Ayush Certified Products.

Traya’s Ayurvedic Products are based on natural and Ayurvedic formulations. These are completely safe for human use, but it is possible that certain ingredients may cause allergic reactions to some individuals.

Accurate hair check

The Traya free hair test (™) is a proprietary algorithm developed with the help of our in-house hair experts that provides Accurate hair and health checks, provided you mention all the correct details about yourself. It gives a precise checks about the type, stage and root cause of a specific hair fall condition.

Long Lasting Visible Hair Results

Traya’s complete customized plan gives visible and long-lasting results provided you’re on Traya’s hair maintenance kit. Since Traya works on the internal root causes of hair fall and hence our customers have seen long lasting results

Trusted by 100+ Hair Experts

Traya has been tried and loved by over 100 hair experts all over India to maintain healthy hair growth.

Award Winning Trusted Brand

India’s Healthcare Excellence initiated by Brands Impact has awarded Traya as the Most Effective Haircare Product of the Year 2022

FDA approved ingredients

These are completely safe for human use, but it is possible that certain ingredients may cause allergic reactions to some individuals.

Traya Women Santulan (™)

Traya’s Women Santulan is a unique technology that uses a combination of herbs treated in a specific manner (kalpa) to meet the bio-specific needs of women going through different stages of life. Santulan is a supplementary range to Traya’s 3 Science Formula which balances and nourishes the body inside-out delivering long-lasting hair growth results and overall health.

Hair Growth Plan starts at Rs 1699 pm* - The price mentioned is for a male of age 23 with stage 1 type hair fall based on the results of the hair test taken on the website. Prices may vary for individual customers depending on the results of the hair test and internal root causes

Hair Growth Plan starts at Rs 2000 pm* - The price mentioned is for a male of age 25 with stage 1 type hair fall based on the results of the hair test taken on the website. Prices may vary for individual customers depending on the results of the hair test and internal root causes.